ग्वालियर24दिसंबर2025। ग्वालियर पुलिस की सायबर विंग जहां अपराधियों पर शिकंजा कस रही है, वहीं दूसरी ओर पुलिस का मानवीय चेहरा भी सामने आया है। महिला थाना पड़ाव परिसर में आज “पुनर्मिलन उत्सव” का आयोजन किया गया, जहाँ परामर्श के माध्यम से उन दंपतियों के जीवन में फिर से खुशियाँ लौटाई गईं, जो कभी आपसी विवाद के कारण अलग होने की दहलीज पर खड़े थे।
वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में मना उत्सव: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ग्वालियर धर्मवीर सिंह (भापुसे) के निर्देशन और अति. पुलिस अधीक्षक (पूर्व) श्रीमती विदिता डागर (भापुसे) के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में उन 08 दंपतियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया, जिन्होंने पुलिस की काउंसलिंग के बाद अपने मतभेद भुलाकर फिर से साथ रहने का निर्णय लिया। इन सभी दंपतियों को उपहार भेंट कर उनके सुखद और उज्जवल भविष्य की मंगलकामना की गई।
बिखरते परिवारों को मिला पुलिस का संबल: कार्यक्रम के दौरान अति. पुलिस अधीक्षक श्रीमती विदिता डागर ने कहा कि पुलिस का दायित्व केवल अपराध रोकना ही नहीं, बल्कि समाज में पारिवारिक एकजुटता और सौहार्द बनाए रखना भी है। परामर्श केन्द्र के माध्यम से बिखरते हुए अनेक परिवारों को बचाया गया है, जो समाज के लिए एक प्रेरणादायी उदाहरण है।
आंकड़ों में परामर्श केंद्र की सफलता: परामर्श केन्द्र ने वर्ष 2025 (01 जनवरी से 30 नवंबर) के दौरान सराहनीय कार्य किया है:
- कुल प्राप्त आवेदन: 1647
- सफलतापूर्वक सुलह (समझौता): 850 मामले
- न्यायालय भेजे गए मामले: 339
- दर्ज किए गए अपराध: 409
- जारी परामर्श: 51 मामले
इनकी रही सराहनीय भूमिका: इस भावुक और गरिमामयी कार्यक्रम में डीएसपी महिला सुरक्षा श्रीमती शिखा सोनी, महिला थाना प्रभारी रश्मि भदौरिया, यूथ संगठन के अध्यक्ष श्री संजय कठ्ठल सहित समस्त काउंसलर्स और थाना स्टाफ मौजूद रहा। उपस्थित दंपतियों ने ग्वालियर पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पुलिस के सही मार्गदर्शन के कारण आज उनका घर टूटने से बच गया।





