ग्वालियर08अगस्त2026 थाना ग्वालियर पुलिस ने क्षेत्र में हुई चोरी की बड़ी वारदात का खुलासा करते हुए 04 शातिर नकबजनों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 05 किलो चांदी के जेबरात (कीमत लगभग 11 लाख रुपये), 06 मोबाइल और 01 मोटरसाइकिल जब्त की है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (मध्य) सुजावल जग्गा के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई। थाना प्रभारी ग्वालियर निरीक्षक प्रशांत शर्मा के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने मामले की विवेचना के दौरान 07 अगस्त 2026 को मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए संदेहियों की तलाश शुरू की और सिरोल क्षेत्र से छोटू उर्फ योगेश मंडेलिया तथा गोलू उर्फ राजेश मंडेलिया को पकड़ा। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने अपने साथी अतुल शर्मा और श्याम सुंदर कुशवाह के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया, जिसके बाद पुलिस ने शेष दोनों आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया।
शटर चटकाकर की थी लाखों की चोरी
पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ में खुलासा हुआ कि उन्होंने 19 और 20 जुलाई 2026 की दरमियानी रात डाक्टर साहनी के सामने किलागेट रोड स्थित रविन्द शर्मा की सोने-चांदी की दुकान का शटर तोड़कर चोरी की घटना को अंजाम दिया था। फरियादी की शिकायत पर थाना ग्वालियर में धारा 305(ए), 331(4) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया था। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चोरी गया लगभग पूरा माल बरामद कर लिया है।
एक्टिवा चुराकर दी कई वारदातों को अंजाम
आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि किलागेट की घटना से पहले उन्होंने बैजाताल से एक लाल रंग की एक्टिवा चोरी की थी। उसी एक्टिवा का उपयोग कर उन्होंने गोला का मंदिर क्षेत्र में एक दुकान से लगभग 30 किलो पीतल का सामान चोरी किया था।
हैदराबाद तक फैले थे शातिर गिरोह के तार
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी भोपाल, उज्जैन, नागपुर होते हुए हैदराबाद भाग गए थे। आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने 01 अगस्त 2026 को हैदराबाद की एक ज्वेलरी शॉप से भी 03 किलो चांदी और 200 ग्राम सोना चोरी किया था। गिरफ्तार आरोपियों में छोटू उर्फ योगेश मंडेलिया, गोलू उर्फ राजेश मंडेलिया, अतुल शर्मा और श्याम सुंदर कुशवाह शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से 38 मूर्तियां, 16 गाय, पायल, चूड़ियां, कड़े, हार और पूजा सामग्री सहित भारी मात्रा में चांदी के जेवरात जब्त किए हैं।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी प्रशांत शर्मा, उपनिरीक्षक अजय सिंह सिकरवार, सहायक उपनिरीक्षक अनूप सिंह भदौरिया और साइबर सेल टीम की सराहनीय भूमिका रही।





